पल्पोटॉमी और पल्प कैप — दूधिया दांतों का RCT जैसा इलाज
डॉ. नितिन शर्मा, बीडीएस (मणिपाल विश्वविद्यालय) • 10-12 मिनट

एक सौम्य बाल रोग दंत चिकित्सक छोटे बच्चे को dental chair पर बैठाकर प्रक्रिया से पहले समझाती हैं, बच्चे के चेहरे पर धीरे-धीरे हल्की मुस्कान
प्रस्तावना
प्रिया जी के 6 साल के बेटे अर्जुन को रात को अचानक दाँत में दर्द होने लगा। सुबह दंत चिकित्सक ने बताया — “दूधिया दाँत में infection पहुँचने वाला है। अगर अभी pulpotomy कर दें तो दाँत बच जाएगा।” प्रिया जी घबरा गईं — “यह दूधिया दाँत तो वैसे भी गिरेगा, फिर इसका इलाज क्यों?” और “क्या इतने छोटे बच्चे की surgery होगी?”
यह सोच भारत में बहुत सामान्य है। माता-पिता अक्सर बच्चों के दूधिया दाँत को “बेकार” समझते हैं और उनका इलाज टालते रहते हैं। लेकिन सच यह है कि दूधिया दाँत अगले 5-10 साल तक आपके बच्चे के खाने, बोलने और चेहरे के विकास के लिए बेहद ज़रूरी हैं। Pulpotomy और pulp capping ऐसे इलाज हैं जो बच्चे के दाँत को — और उसके स्वास्थ्य को — बचाते हैं।
Pulpotomy और Pulp Capping क्या है?
सरल भाषा में समझें: दाँत के अंदर एक जीवित हिस्सा होता है जिसे pulp कहते हैं — इसमें नसें और खून की नलियाँ होती हैं। जब bacteria या चोट के कारण pulp को नुकसान पहुँचने लगता है, तब इन दोनों इलाजों की ज़रूरत पड़ती है।
Pulp Capping — इसे एक “सुरक्षात्मक ढाल” समझें। जब cavity गहरी हो लेकिन pulp अभी थोड़ी बेहतर स्थिति में हो, तो pulp की सतह पर एक विशेष दवा (जैसे calcium hydroxide या MTA) लगाई जाती है और ऊपर से फिलिंग कर दी जाती है। यह दवा pulp को heal होने में मदद करती है।
- Direct pulp capping: जब pulp थोड़ी सी expose हो गई हो
- Indirect pulp capping: जब cavity pulp के बहुत करीब हो पर उसे छुआ न हो
Pulpotomy — इसे “आधा RCT” समझें। जब pulp का ऊपरी हिस्सा (coronal pulp) संक्रमित हो जाए, लेकिन जड़ों के अंदर का हिस्सा (radicular pulp) अभी ठीक हो, तब सिर्फ ऊपर के संक्रमित हिस्से को हटाकर नीचे का स्वस्थ हिस्सा बचाया जाता है।
यह मुख्यतः बच्चों के दूधिया दाँतों में किया जाता है। वयस्कों में भी कुछ विशेष परिस्थितियों में pulpotomy की जाती है।
मरीज़ (और माता-पिता) इस इलाज से क्यों डरते हैं?
- “दूधिया दाँत है, कौन सा स्थायी है — क्यों इलाज करें?” — दूधिया दाँत 12-13 साल की उम्र तक रहते हैं। इन्हें जल्दी निकालने से permanent दाँत के लिए जगह की कमी हो सकती है, बच्चे का बोलना प्रभावित होता है और चबाने में दिक्कत होती है।
- “क्या बच्चे को बहुत दर्द होगा?” — बाल-अनुकूल local anesthesia से पूरा क्षेत्र सुन्न किया जाता है। अनुभवी pediatric dentist बच्चे को खेल-खेल में इलाज से गुज़ारते हैं। अधिकांश बच्चे इलाज के दौरान शांत रहते हैं।
- “क्या injection का दर्द नहीं होगा?” — आधुनिक pediatric dentistry में पहले topical gel (numbing gel) लगाई जाती है जिससे injection भी लगभग महसूस नहीं होता।
- “क्या इलाज के बाद दाँत काला पड़ जाएगा?” — कुछ पुरानी दवाओं (जैसे formocresol) से ऐसा होता था। अब MTA (Mineral Trioxide Aggregate) जैसी आधुनिक सामग्री से यह समस्या नहीं होती।
- “क्या एक बार में हो जाएगा?” — हाँ, pulpotomy आमतौर पर एक सिटिंग में पूरी हो जाती है — 30-45 मिनट।
- “क्या दाँत बाद में भी दर्द करेगा?” — सफल pulpotomy के बाद दर्द नहीं होना चाहिए। अगर हुआ तो मतलब infection deeper था और RCT या extraction की ज़रूरत होगी।
- “क्या इसके बाद steel crown लगाना ज़रूरी है?” — ज़्यादातर मामलों में हाँ — stainless steel crown लगाई जाती है क्योंकि pulpotomy के बाद दाँत थोड़ा कमज़ोर होता है।

Milk tooth pulpotomy का चित्रण
यह इलाज कब करवाना चाहिए?
1. दाँत में तेज़ दर्द हो जो रात को या खुद से हो — जब बिना कुछ खाए-पिए भी दाँत में दर्द हो तो यह pulp infection का संकेत है।
2. ठंडा-गर्म खाते समय झनझनाहट जो 30 सेकंड से ज़्यादा रहे — यह दर्शाता है कि cavity pulp के करीब आ गई है।
3. दाँत पर सूजन या छोटी फुंसी दिखे — मसूड़े पर एक छोटी सी पिंपल जैसी सूजन (dental abscess) दिखे।
4. दाँत का रंग बदल रहा हो — दाँत अचानक पीला या काला-सा दिखने लगे।
5. बच्चा खाने से मना करे उस तरफ से — एक तरफ के दाँत से खाने में दर्द होना infection की निशानी हो सकती है।
6. X-ray में cavity pulp के पास दिखे — नियमित check-up के दौरान X-ray में cavity pulp chamber के करीब हो।
7. चोट के बाद दाँत का रंग बदले — गिरने या चोट लगने के बाद दाँत gray या pink हो जाए।
8. Cavity बहुत गहरी हो जो फिलिंग के योग्य न हो — दंत चिकित्सक जब बताएं कि simple filling नहीं होगी।
9. दाँत पर काले धब्बे दिखें जो ब्रश से न जाएं — यह गहरी cavity का संकेत है।
इस इलाज के क्या-क्या फायदे हैं?
- दाँत बचता है — सबसे महत्वपूर्ण — दाँत निकालने की ज़रूरत नहीं पड़ती। बच्चे का दूधिया दाँत natural time पर ही गिरेगा।
- Permanent दाँत की जगह सुरक्षित — दूधिया दाँत permanent दाँत के लिए placeholder का काम करते हैं। इनके बने रहने से permanent दाँत सही जगह पर आते हैं।
- बच्चे का खाना-बोलना ठीक रहता है — दाँत बचने से बच्चा सही से चबा सकता है और स्पष्ट बोल सकता है।
- दर्द से तुरंत राहत — pulpotomy के बाद infection का source हट जाता है, दर्द समाप्त होता है।
- Infection आगे नहीं फैलता — बिना इलाज के infection permanent dant के germ (tooth bud) को नुकसान पहुँचा सकता है।
- एक ही सिटिंग में पूरा — 30-45 मिनट में प्रक्रिया पूरी, बच्चे को बार-बार clinic नहीं आना पड़ता।
- Pulp capping — nerve को heal करने का मौका — indirect pulp capping में दाँत खुद को heal कर सकता है, और कभी-कभी pulpotomy की भी ज़रूरत नहीं पड़ती।
- बच्चे की dental anxiety कम होती है — जल्दी और सफलतापूर्वक इलाज होने से बच्चे का dentist से डर कम होता है। यह आदत जीवनभर उसके oral health के लिए फ़ायदेमंद है।
- Jaw का सही विकास — सभी दूधिये दाँत बने रहने से चेहरे और जबड़े का विकास सामान्य गति से होता है।
अगर यह इलाज नहीं कराया तो क्या नुकसान हो सकते हैं?
- Dental Abscess (फोड़ा) — infection पूरे pulp में फैलकर मसूड़े में पीप (pus) भरा फोड़ा बना सकता है। इसमें बहुत तेज़ दर्द, सूजन और बुखार होता है।
- Permanent दाँत को नुकसान — दूधिए दाँत की जड़ों के नीचे permanent दाँत के germ (tooth bud) होते हैं। अनुपचारित infection उन्हें damage कर सकता है — permanent दाँत टेढ़े या बदरंग आ सकते हैं।
- दाँत जल्दी निकालना पड़ सकता है — संक्रमण फैलने पर दाँत निकालने के सिवा कोई विकल्प नहीं रहता।
- Space loss — orthodontic problems — दाँत जल्दी गिरने से आसपास के दाँत उस जगह shift हो जाते हैं, permanent दाँत के लिए जगह नहीं रहती, आगे चलकर braces की ज़रूरत पड़ती है।
- बच्चे का खाना प्रभावित — दर्द के कारण बच्चा ढंग से खाना नहीं खाता, nutrition पर असर पड़ता है।
- बोलने में दिक्कत — front दूधिये दाँत गिरने से बच्चा कुछ शब्द सही से नहीं बोल पाता।
- बुखार और full body infection — गंभीर dental infection खून में मिलकर पूरे शरीर को प्रभावित कर सकता है। यह medical emergency बन सकती है।
- बच्चे की मानसिक परेशानी — दर्द में रहने से बच्चे का स्वभाव चिड़चिड़ा हो सकता है, नींद खराब होती है, पढ़ाई प्रभावित होती है।

Successful pulpotomy के बाद खुश बच्चा
इलाज की प्रक्रिया कैसे होती है?
सिटिंग: 1 सिटिंग
कुल समय: 30-45 मिनट
1. जाँच और X-ray — दंत चिकित्सक पहले X-ray लेते हैं यह तय करने के लिए कि pulpotomy से दाँत बच सकता है या infection बहुत गहरा है।
1. बच्चे को तैयार करना — बाल-अनुकूल भाषा में समझाया जाता है। कुछ क्लिनिकों में small TV या cartoon भी होते हैं।
1. Topical Anaesthetic Gel — मसूड़े पर numbing gel लगाई जाती है ताकि injection का भी एहसास न हो।
1. Local Anesthesia — injection से उस क्षेत्र को पूरी तरह सुन्न किया जाता है।
1. Cavity तक पहुँचना — drill से cavity के ज़रिए pulp chamber तक पहुँचा जाता है।
1. Infected pulp हटाना — pulp के ऊपर के संक्रमित और मृत हिस्से को सावधानी से हटाया जाता है।
1. दवा लगाना (Pulp Medicament) — नीचे के स्वस्थ हिस्से पर MTA, Biodentin या calcium hydroxide जैसी दवा लगाई जाती है।
1. Base लगाना और फिलिंग — दवा के ऊपर एक base material (जैसे GIC) और फिर restoration लगाई जाती है।
1. Stainless Steel Crown — अधिकांश cases में pulpotomy के बाद दाँत पर stainless steel crown लगाई जाती है ताकि दाँत टूटे नहीं।
इलाज के बाद देखभाल (Post-treatment Care)
1. इलाज के बाद 2 घंटे कुछ न खाएं-पिएं — anesthesia का असर उतरने तक बच्चे को कुछ न दें ताकि वह अनजाने में अपनी गाल न काट ले।
2. नरम भोजन दें पहले दिन — दलिया, मसला हुआ खाना, दही, soup आदि दें।
3. उस दाँत से कठोर चीज़ें न चबाएं — कैंडी, ठोस बिस्कुट, चिपचिपी मिठाइयाँ टालें।
4. ब्रशिंग जारी रखें — सामान्य soft toothbrush से brushing जारी रखें।
5. Fluoride toothpaste का उपयोग करें — बच्चे की उम्र के अनुसार fluoride toothpaste दें।
6. रात में मीठी चीज़ें न दें — रात को सोने से पहले कुछ मीठा खाने-पीने की आदत छुड़ाएं।
7. Follow-up X-ray ज़रूर कराएं — 3-6 महीने बाद X-ray से देखा जाता है कि दाँत ठीक heal हो रहा है।
8. अगर बच्चे को बुखार या सूजन हो तो तुरंत डॉक्टर को बताएं — यह infection के दोबारा आने का संकेत हो सकता है।
9. Steel crown आने पर उसे कभी खींचे न — बच्चे को crown से छेड़खानी न करने दें।
10. हर 6 महीने में नियमित check-up — बच्चों के दाँतों की जाँच नियमित रूप से होती रहनी चाहिए।
मुख्य बातें
- दूधिये दाँत सिर्फ “temporary” नहीं हैं — वे 12-13 साल तक बच्चे के साथ रहते हैं
- Pulpotomy में केवल संक्रमित pulp का ऊपरी हिस्सा हटाया जाता है, जड़ें बचती हैं
- Pulp capping में pulp को heal होने का मौका मिलता है — कम invasive तरीका
- बच्चों में यह इलाज local anesthesia से दर्दरहित और एक सिटिंग में होता है
- इलाज न कराने पर permanent दाँत, जबड़े और पूरे शरीर पर असर पड़ सकता है
- अधिकांश मामलों में बाद में stainless steel crown लगाई जाती है
- नियमित 6 महीने की dental check-up बच्चों के लिए अत्यंत आवश्यक है
| 💡 ऑरली का सुझावऑरली में हम मानते हैं कि बच्चों की dental health उनके संपूर्ण विकास का हिस्सा है। माता-पिता से अनुरोध है — “दूधिया दाँत है तो छोड़ दो” की सोच बदलें। एक दर्दनाक दाँत आपके बच्चे की नींद, खाना और पढ़ाई सब बर्बाद कर सकता है। हमारी टीम बच्चों के साथ बेहद धैर्य और प्यार से काम करती है ताकि उनका पहला dental experience सकारात्मक रहे। |
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
प्रश्न: Pulpotomy और RCT में क्या फर्क है?
उत्तर: RCT (Root Canal Treatment) में दाँत की पूरी pulp — ऊपर से नीचे जड़ों तक — पूरी तरह हटाई जाती है और नलियाँ seal की जाती हैं। Pulpotomy में केवल pulp का ऊपरी (coronal) हिस्सा हटाया जाता है, जड़ों की pulp बचाई जाती है। इसीलिए pulpotomy को “partial RCT” भी कहते हैं।
प्रश्न: क्या pulpotomy सिर्फ बच्चों में होती है?
उत्तर: मुख्यतः यह बच्चों के दूधिये दाँतों (primary teeth) में की जाती है। वयस्कों में भी कुछ विशेष cases में — जैसे trauma के तुरंत बाद exposure हो या pulp अभी vital हो — partial pulpotomy की जा सकती है। लेकिन वयस्कों में आमतौर पर पूरी RCT की जाती है।
प्रश्न: Pulpotomy के कितने दिन बाद बच्चा सामान्य खाना खा सकता है?
उत्तर: आमतौर पर 24-48 घंटे बाद बच्चा सामान्य नरम खाना खाने लगता है। पहले दिन बहुत कठोर चीज़ें न दें। Steel crown लग जाने के बाद बच्चा सामान्य रूप से खाना खा सकता है — बस बहुत चिपचिपी और कठोर चीज़ें हमेशा avoid करें।
प्रश्न: क्या pulp capping हमेशा सफल होती है?
उत्तर: Indirect pulp capping की सफलता दर अच्छी (70-90%) होती है जब सही समय पर की जाए और cavity बहुत गहरी न हो। Direct pulp capping थोड़ी कम reliable है। सफलता इस बात पर निर्भर करती है कि cavity pulp से कितनी दूर है, कौन सी दवा प्रयोग की गई और बच्चे की उम्र क्या है।
प्रश्न: Pulpotomy के बाद steel crown क्यों लगाते हैं? क्या ज़रूरी है?
उत्तर: हाँ, अधिकांश cases में यह ज़रूरी है। Pulpotomy के बाद दाँत की structure कमज़ोर हो जाती है और वह चबाने के pressure में टूट सकता है। Stainless steel crown उसे पूरी तरह ढकती है और तब तक सुरक्षित रखती है जब तक वह naturally नहीं गिरता। इससे infection का खतरा भी कम होता है।
प्रश्न: क्या pulpotomy के बाद दाँत काला पड़ सकता है?
उत्तर: पुरानी formocresol दवा से कभी-कभी दाँत काला पड़ता था। आधुनिक सामग्री जैसे MTA (Mineral Trioxide Aggregate) और Biodentin से यह समस्या न के बराबर होती है। और चूँकि steel crown ऊपर से लग जाती है, बाहर से रंग दिखता भी नहीं।
प्रश्न: अगर दाँत में दर्द नहीं है तो क्या cavity का इलाज ज़रूरी है?
उत्तर: बिल्कुल ज़रूरी है। कई बार cavity गहरी हो जाती है और pulp के nerve fibers damage होने के कारण दर्द महसूस नहीं होता — लेकिन infection जारी रहती है। यह silent infection permanent दाँत को नुकसान पहुँचाती रहती है। इसीलिए नियमित check-up और X-ray बेहद महत्वपूर्ण हैं।
प्रश्न: बच्चे को dentist से डर लगता है — क्या करें?
उत्तर: यह बहुत सामान्य है। पहले बच्चे को सिर्फ introduction visit के लिए ले जाएं — कोई इलाज नहीं, बस clinic देखना और dentist से मिलना। बच्चे की तारीफ करें, डराएं नहीं। अच्छे pediatric dentist इसमें माहिर होते हैं। कुछ cases में mild sedation का विकल्प भी होता है।